उत्तराखंड तकनीकी विश्वविद्यालय (यूटीयू) में कथित पेपर लीक मामले को लेकर कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने विश्वविद्यालय परिसर के बाहर जोरदार प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने मामले की निष्पक्ष जांच की मांग करते हुए सरकार के खिलाफ नारेबाजी की और उच्च स्तरीय एसआईटी जांच कराने की मांग उठाई।
कांग्रेस नेताओं का आरोप है कि तकनीकी विश्वविद्यालय में परीक्षा प्रणाली की पारदर्शिता पर गंभीर सवाल खड़े हुए हैं। उनका कहना है कि पेपर लीक जैसी घटनाएं छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ हैं और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए।

प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने राज्य सरकार पर मामले को दबाने का आरोप लगाया और कहा कि यदि समय रहते निष्पक्ष जांच नहीं कराई गई तो छात्र-युवाओं का विश्वास शिक्षा व्यवस्था से उठ जाएगा। उन्होंने पूरे मामले की उच्च स्तरीय विशेष जांच दल (एसआईटी) से जांच कराने की मांग की।

कांग्रेस ने इस मामले में नैतिक जिम्मेदारी तय करते हुए संबंधित मंत्री के इस्तीफे की भी मांग की। नेताओं का कहना था कि जब तक मामले की निष्पक्ष जांच पूरी नहीं हो जाती, तब तक जवाबदेही सुनिश्चित की जानी चाहिए।

प्रदर्शनकारियों ने सरकार से मांग की कि पेपर लीक प्रकरण में शामिल सभी दोषियों की पहचान कर उनके खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
कांग्रेस ने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने उनकी मांगों पर शीघ्र कार्रवाई नहीं की तो प्रदेशभर में आंदोलन को और व्यापक किया जाएगा।